
प्रदेश की जिला पंचायतों में (हरिद्वार को छोड़कर) अध्यक्ष पद के लिए अनंतिम आरक्षण पर शासन को 42 आपत्तियां मिली हैं। इसमें सबसे अधिक 16 आपत्तियां देहरादून जिले से है। अब इन आपत्तियों पर 5 अगस्त को शासन स्तर पर सुनवाई और निस्तारण किया जाएगा। अब सभी आपत्तियों के निस्तारण के बाद 6 अगस्त को आरक्षण का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
शासन ने आपत्तियों के निस्तारण के लिए एक उच्च स्तरीय समिति गठित की है, जिसमें अपर सचिव श्याम सिंह, संयुक्त निदेशक पंचायती राज राजीव कुमार नाथ त्रिपाठी, मनमोहन सिंह राणा और उप निदेशक पंचायती राज मनोज कुमार तिवारी को शामिल किया गया है।
बताया जा रहा है सबसे अधिक (16) आपत्तियां देहरादून जिले से प्राप्त हुई हैं। इसके अलावा, पौड़ी जिले से 9, टिहरी से 4, उधम सिंह नगर से 3, चंपावत से 3, पिथौरागढ़ से 2, उत्तरकाशी जिले से 2, चमोली और रुद्रप्रयाग से एक-एक आपत्तियां आई हैं।







