Dehradun – दून बासमती के पुनर्जीवन के प्रयासों का असर खेतों में दिखने लगा है। विकासनगर क्षेत्र में लहलहाती फसल ने किसानों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं। मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह ने शनिवार को विकासनगर ब्लॉक के जस्सोवाला, ढकरानी, हरबर्टपुर और फतेहपुर ग्रांट गांवों में फसल का स्थलीय निरीक्षण किया और किसानों से संवाद किया। किसानों ने जैविक खेती की चुनौतियों, प्रमाणित बीज की कमी, फसल बीमा में देरी और जलवायु परिवर्तन की समस्याएं बताईं। सीडीओ ने बताया कि पिछले साल 65 हेक्टेयर में दून बासमती की खेती हुई थी, जिसे रीप योजना के तहत खरीदा गया था। इस साल लक्ष्य 75 हेक्टेयर किया गया है। उन्होंने कृषि विभाग और रीप अधिकारियों को दून बासमती का उचित मूल्य शीघ्र तय करने और प्रमाणित बीज के लिए सीड बैंक बनाने के निर्देश दिए। साथ ही हरबर्टपुर में अमूल्य निधि ऑर्गेनिक फार्म का भ्रमण कर जैविक खेती के प्रयासों की सराहना की।







